लक्ष्मीकांतपुर (दक्षिण 24 परगना): बुधवार की तड़के लक्ष्मीकांतपुर के विजयगंज बाजार में अचानक आग लगने से वहां का एक बड़ा भाग जलकर खाक हो गया। सुबह होने तक इलाके में आग बुझा दी गई, लेकिन बाजार के कई हिस्सों में पड़ा सामान खाक होने और स्थिर संरचनाओं के क्षतिग्रस्त होने से भारी आर्थिक नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है।
দক্ষিণ ২৪ পরগনা: দক্ষিণ ২৪ পরগনার লক্ষ্মীকান্তপুর এলাকার ব্যস্ত ব্যবসায়িক কেন্দ্র বিজয়গঞ্জ বাজারে ভোররাতে ভয়াবহ অগ্নিকাণ্ডের ঘটনায় চরম আতঙ্ক ছড়িয়েছে। আচমকা আগুন লাগার ফলে বাজারের একটি বড় অংশ সম্পূর্ণভাবে পুড়ে ছাই হয়ে যায়। আগুনের গ্রাসে পড়ে একের পর এক দোকান, যার জেরে প্রাথমিকভাবে কয়েক কোটি টাকার ক্ষতির আশঙ্কা করা হচ্ছে।
कोलकाता: शहर के बहेला इलाके में एक बड़े आवासीय परिसर में हुई बड़े पैमाने पर चोरी ने इलाके में सनसनी फैलाकर रख दी। चोरी की यह घटना साधारण चोरी की तरह नहीं थी — इसमें घर के अंदर सटीक तरीके से करीब 1 करोड़ 50 लाख रुपये के मूल्यवान सोने के गहने और नकदी गायब हो गए। पुलिस ने अब तक की जांच में यह निष्कर्ष निकाला है कि यह घटना किसी बाहरी चोर की नहीं, बल्कि परिचित व्यक्ति की करतूत हो सकती है।
কলকাতা: শহরের বেহালা এলাকার এক নামী আবাসনে ঘটে গেল রীতিমতো চাঞ্চল্যকর চুরির ঘটনা। একাধিক দিনে ধাপে ধাপে ফ্ল্যাট থেকে সোনা ও নগদ অর্থ মিলিয়ে প্রায় ১ কোটি ৫০ লক্ষ টাকার সম্পদ গায়েব হয়ে যাওয়ার ঘটনায় অবশেষে রহস্যের পর্দা তুলল পুলিশ। তদন্তে উঠে এসেছে চাঞ্চল্যকর তথ্য—এই চুরির নেপথ্যে বাইরের কেউ নয়, বরং পরিবারেরই পরিচিত এক ব্যক্তি।
3 फरवरी 2026 की शाम को पूर्वी भारत और पड़ोसी देशों में भूकंप की हलचल ने आम लोगों को डर के बीच झकझोर दिया। म्यांमार के पास रिक्टर पैमाने पर लगभग 6.0 तीव्रता वाले भूकंप के कारण न केवल वहां, बल्कि पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता, दक्षिण बंगाल और पड़ोसी बांग्लादेश के कई हिस्सों में झटके महसूस किए गए। उक्त झटके लोगों के घरों और इमारतों को कुछ सेकेंड के लिए हिला दिया, जिससे रात के समय कई लोग घरों से बाहर भागने को मजबूर हुए।
বাংলাদেশ ও মায়ানমার সংলগ্ন এলাকায় সংঘটিত শক্তিশালী ভূমিকম্পের প্রভাব অনুভূত হল কলকাতা ও দক্ষিণবঙ্গের একাধিক জেলায়। সোমবার রাতের এই ভূকম্পনে মুহূর্তের মধ্যে আতঙ্ক ছড়িয়ে পড়ে সাধারণ মানুষের মধ্যে। রিখটার স্কেলে কম্পনের মাত্রা ছিল প্রায় ৬, যার জেরে ঘরবাড়ির ভেতরে থাকা মানুষজন ভয় পেয়ে রাস্তায় বেরিয়ে আসেন।
वोटर लिस्ट संशोधन यानी SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) प्रक्रिया को लेकर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एक बार फिर केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है। सोमवार को दिल्ली में चुनाव आयोग के साथ हुई बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने असंतोष जताते हुए बैठक का बहिष्कार किया और बाद में बंग भवन से मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि बंगाल के मतदाताओं के अधिकारों से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
ভোটার তালিকা সংশোধন বা SIR (Special Intensive Revision) প্রক্রিয়া ঘিরে কেন্দ্র ও নির্বাচন কমিশনের বিরুদ্ধে আবারও সরব হলেন পশ্চিমবঙ্গের মুখ্যমন্ত্রী মমতা বন্দ্যোপাধ্যায়। সোমবার দিল্লিতে নির্বাচন কমিশনের সঙ্গে বৈঠকে বসার পর সেই বৈঠক থেকে বেরিয়ে এসে ক্ষোভ উগরে দেন তিনি। পরে দিল্লির বঙ্গভবনে সাংবাদিকদের মুখোমুখি হয়ে মুখ্যমন্ত্রী স্পষ্ট জানান, বাংলার ভোটাধিকার রক্ষার প্রশ্নে কোনও আপস করবে না তাঁর সরকার।